मिशन शक्ति अभियान के तहत स्कूल पहुंची पुलिस टीम, छात्राओं को दिया सुरक्षा, आत्मविश्वास और अधिकारों का ज्ञान
मोहम्मद आलम
अयोध्या। रुदौली की धरती पर सुरक्षा, संवेदनशीलता और विश्वास की एक प्रेरणादायक तस्वीर उस समय देखने को मिली, जब वर्दी ने सिर्फ कानून का पालन ही नहीं किया, बल्कि बेटियों के मन में साहस और आत्मविश्वास की नई लौ भी जला दी। मिशन शक्ति अभियान के तहत पुलिस टीम ने स्कूल पहुंचकर छात्राओं को जागरूक किया और यह संदेश दिया कि हर बेटी की सुरक्षा के लिए पुलिस हर पल उसके साथ खड़ी है।
कोतवाली क्षेत्र के भेलसर स्थित आर के एस एन पी पब्लिक स्कूल में मिशन शक्ति अभियान (फेस-5) के अंतर्गत महिला सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर महिला उप निरीक्षक स्तुति गुप्ता, उप निरीक्षक युवराज सिंह, महिला आरक्षी दीपिका कुमारी एवं आरक्षी रजत कुमार ने छात्राओं और महिलाओं को सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से जानकारी दी।
पुलिस टीम ने बेहद सरल और प्रभावी तरीके से बच्चों को विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों—1090 (महिला हेल्पलाइन), 112 (आपातकालीन सेवा), 1098 (चाइल्ड हेल्पलाइन), 1930 (साइबर फ्रॉड), 108 (एंबुलेंस), 1076 (सीएम हेल्पलाइन) के बारे में बताया, ताकि किसी भी आपात स्थिति में वे तुरंत सहायता प्राप्त कर सकें। साथ ही सरकार द्वारा चलाई जा रही महिला सुरक्षा योजनाओं की जानकारी भी साझा की गई।
कार्यक्रम के दौरान पुलिसकर्मियों ने छात्राओं से संवाद स्थापित कर उन्हें उनके अधिकारों, आत्मरक्षा के महत्व और सतर्क रहने के तरीकों के बारे में जागरूक किया। बच्चों ने भी खुलकर अपनी जिज्ञासाएं रखीं, जिनका पुलिस टीम ने बेहद सहज और संवेदनशील तरीके से समाधान किया।
उप निरीक्षक युवराज सिंह ने कहा, हमारा उद्देश्य केवल कानून व्यवस्था बनाए रखना ही नहीं, बल्कि समाज में सुरक्षा का भरोसा पैदा करना भी है। जब बेटियां जागरूक और आत्मविश्वासी होंगी, तभी एक सशक्त समाज का निर्माण होगा।
वहीं महिला उप निरीक्षक स्तुति गुप्ता ने कहा, हर बालिका को यह जानकारी होना जरूरी है कि संकट के समय कौन सा कदम और कौन सा नंबर उसकी मदद कर सकता है। जागरूकता ही सबसे बड़ा सुरक्षा कवच है।
यह कार्यक्रम केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं रहा, बल्कि इसने छात्राओं के मन में सुरक्षा, सम्मान और आत्मविश्वास की एक नई ऊर्जा भर दी। रुदौली में वर्दी की यह पहल न सिर्फ सराहनीय है, बल्कि समाज में पुलिस के प्रति विश्वास को और मजबूत करने वाली भी है जहां हर बेटी खुद को सुरक्षित, समर्थ और सशक्त महसूस कर रही है।


