ग्रेटर नोएडा। थाना एएचटी व बिसरख पुलिस की संयुक्त टीम ने अवैध तरीके से बच्ची को गोद दिलाने के नाम पर लाखों रुपये की मांग करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बच्ची को सकुशल बरामद कर बाल कल्याण समिति के आदेश पर शेल्टर होम भेज दिया है।
पुलिस के अनुसार, 21 मार्च 2026 को चाइल्ड हेल्पलाइन के जरिए सूचना मिली थी कि बिसरख क्षेत्र स्थित एक निजी अस्पताल में कार्यरत कुछ लोग एक बच्ची को गोद दिलाने के नाम पर ₹2,60,000 की मांग कर रहे हैं। सूचना मिलते ही एएचटी और बिसरख पुलिस ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए मामले की जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने पीड़िता से संपर्क स्थापित कर बच्ची को सुरक्षित बरामद कर लिया। इसके बाद बाल कल्याण समिति (CWC) के निर्देशानुसार बच्ची को साईं कृपा शेल्टर होम भेज दिया गया।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने इस अवैध काम में संलिप्त तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया, जिनमें निजी अस्पताल की मालिक यशिका गर्ग, सफाई कर्मी गजेन्द्र सिंह और ऑपरेशन थियेटर टेक्नीशियन रंजीत सिंह शामिल हैं।
पुलिस ने बताया कि इस संबंध में थाना बिसरख में मु0अ0सं0 196/2026 के तहत धारा 143(2)/143(4) बीएनएस व धारा 80 जेजे एक्ट के अंतर्गत मुकदमा दर्ज किया गया है।
पुलिस की अपील:
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि गोद लेने की प्रक्रिया केवल कानूनी तरीके से ही करें और किसी भी प्रकार की अवैध डील या संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।


